पोलीस की आवाज न्यूज चॅनेल नेटवर्क
आदिवासी बाहूल क्षेत्रों के सडक मार्ग दुर्लक्षित
आदिवासी बाहूल क्षेत्र की उपेक्षा


कोंढाली-संवाददाता-दुर्गाप्रसादजी पांडे
काटोल तहसील के आदिवासी बाहूल क्षेत्र के खापा नांदोरा सडक मार्ग पर पुर्णताः गढ्ढे मय हो जाने से यहाँ नागरिकों को यातायात की भारी असुविधा हो रही है । जि प सदस्य सलील देशमुख द्वारा इस मार्ग के दुरूस्ती के लिये प्रस्तावित भी किया गया है । पर मार्ग दुरूस्ती के लिये निधी के आभाव के चलते यहां के सड़क मार्ग की अवस्था अति जर्जर हो गयी है । अब तो
इस वर्ष2022के अगस्त तथा सितंबर माह में जारी अतिवृष्टी के चलते।काटोल तहसील की की कई सड़कें टूट चूकीं है । यहां के आदिवासी बाहूल क्षेत्र की सड़कें पहले से नादुस्त थी। अब तो यह अतिवृष्टी से और भी क्षतीग्रस्त होने से स्थानीय आदिवासी नागरिकों, किसानों, तथा स्कूली छात्रों को आवाजाही में जाने आने के लिये बहिरमबाबा देवस्थान से लेकर खापा तथा नांदोरा तक कि सडक पूरी तरह से गड्ढों में तब्दील हो चुकी इन सड़कों पर चलना भी मुश्किल हो रहा है। मालूम ही नहीं पड़ रहा कि गड्ढों में सड़क है या सड़क में गड्ढे। इसकी बानगी आदिवासी बाहूल क्षेत्र के खैरी -जामगढ, खैरी तरोडा ,कोंढाली-दोडकी-पुसागोंदी ग्रामिण सडक मार्गों का बेहाल है । कौंसिल फार ह्यूमन राईट के काटोल-नरखेड के अध्यक्ष-बब्लू(दुर्गेश)भिसे-तथा
नांदोरा-खापा- ग्रामपंचायत के सरपंच कांचनताई सलाम,उपसरपंच अंकुश मरसकोल्हे, जीवन सलाम, बालकिसन पालिवाल, सुधीर वड्याळकर,नंदकिशोर धुर्वे, सुदाम सलाम, ज्ञानेश्वर सलाम आदि किसानों ने लोकनिर्माण विभाग के उपविभागीय अभियंता , तथा राज्य लोकनिर्माण उप अभीयंता तथा जि प , पंचायत समिति के पदाधिकारियों से भी सडक निर्माण कार्य के लिये सहयोग की मांग की गयी है ।
इस विषय पर जि प लोकनिर्माण विभाग कार्यकारी अभियंता ई ई गणोरकर तथा डि वाय केदार ने बताया काटोल तहसील के अनेक मार्ग दुरूस्ती के लिये प्रस्तावित किये गये है। तथा फ्लड डैमेज रोड दुरूस्ती के लिये भी अनेक मार्ग प्रस्तावित किये गये है । सडक दुरूस्ती विकास निधी प्राप्त होते ही सड़कों की मरम्मत का कार्य किया जा सकता है ।




