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कृषि के क्षेत्र में विकास के लिये वसंतराव नाइक का अमूल्य योगदान*
ग्रा प कोंढाली की ओर से मनाया गया कृषि दिवस
वसंतराव नाइक का जन्मदिन;
पोलीस की आवाज न्यूज नेटवर्क
कोंढाली- संवाददाता
महाराष्ट्र राज्य में प्रतिवर्ष 01 जुलाई से 07 जुलाई तक कृषि सप्ताह मनाया जाता है। आज 01जुलाई को ग्रा प कोंढाली की ओर से ग्रा प कोंढाळी के सभागृह में सुबह (पूर्वाह्न) 11 -00बजे मे हरित क्रांति के जनक तथा महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री वसंतराव नाइक की जयंती कोंढाली के सरपंच केशवराव धुर्वे के उपस्थिति में वसंत राव नाइक का जन्मदिन एवं कृषि दिवस मनाया गया.
राज्य में प्रत्येक वर्ष 01 जुलाई को कृषि दिवस मनाया जाता है।साथ ही 01 जुलाई से 07 जुलाई तक कृषि सप्ताह मनाया जाता है। कृषि क्षेत्र के विकास में राज्य में हरित क्रांति के जनक और पूर्व मुख्यमंत्री वसंतराव नाइक द्वारा किए गए महत्वपूर्ण योगदान को याद करने के लिए कृषि दिवस मनाया जाता है। यह जानकारी उपसरपंच स्वप्निल व्यास द्वारा बताया गया।
वसंतराव नाइक ने आधुनिक भारतीय कृषि के क्षेत्र में अमूल्य योगदान दिया है। वसंतराव नाइक के जन्मदिन को “कृषि दिवस” के रूप में मनाने का निर्णय 1989 में तत्कालीन मुख्यमंत्री शरद पवार द्वारा घोषित किया गया था। तब से सभी सरकारी कार्यालयों में 1 जुलाई को कृषि दिवस मनाया जाने लगा। यह जानकारी ग्रा प सदस्य संजय राउत ने दी।
देश के साथ-साथ राज्य की अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से कृषि क्षेत्र पर निर्भर है। महाराष्ट्र को कृषि के क्षेत्र में भी अग्रणी राज्य माना जाता है। तत्कालीन मुख्यमंत्री वसंतराव नाइक ने महाराष्ट्र में हरित क्रांति लाने में बहुत बड़ा योगदान दिया है। उन्हें राज्य की हरित क्रांति का जनक कहा जाता है। वसंतराव नाइक ने राज्य में कृषि क्षेत्र के विकास पर विशेष ध्यान दिया और राज्य खाद्यान्न में आत्मनिर्भर बनाने के लिये योगदान किया है । यह जानकारी क्षेत्र के कृषि सहायक जगन्नाथ जयभाये ने दी।
पुर्व मुख्यमंत्री वसंतराव नाइक के शासनकाल के दौरान राज्य में कृषि विश्वविद्यालयों और कृषि से संबंधित विभिन्न संस्थानों की स्थापना की गई । 1972 में जब राज्य सूखे की चपेट में आया, तो उन्होंने कई उपायों को लागू किया। उन्होंने किसानों को संकरित बीज उपलब्ध कराए, जल संरक्षण कार्य बढ़ाया और कृषि क्षेत्र को विकास के मार्ग दिखाया। उन्होंने राज्य के कृषि क्षेत्र में आमूल-चूल परिवर्तन किये। इसी उपलब्धता से ही आज भी महाराष्ट्र कृषि के मामले में देश में अग्रणी राज्य के रूप में जाना जाता है। यह जानकारी ग्रा प कोंढाळी के सरपंच केशवराव धुर्वे द्वारा दी गयी। विजय गेडाम ने आभार माना ।

